अलीगढ़ घटना पर दिल्ली महिला आयोग की प्रधानमंत्री को चिठ्ठी, बोलीं सिर्फ फांसी नहीं ये भी चाहिए

अलीगढ़ में ढाई साल की मासूम बच्ची के साथ दरिंदगी और हत्या की घटना के बाद देश भर में लोगों का ग़ुस्सा उबल रहा है .जगह जगह विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं तो वहीं इस मामले में अब जल्द से जल्द फाँसी देने की भी माँग उठने लगी है .इसी मामले को लेकर दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखकर आरोपियों को दो महीने के भीतर ही फाँसी देने की माँग की . इसके अलावा महिला आयोग की चिठ्ठी में आठ अन्य सुझाव भी है जिसे प्रधानमंत्री को सौंपा गया है .

दिल्ली महिला आयोग की प्रधानमंत्री से प्रमुख मांगें-

1. अलीगढ के दोषियों को 2 महीने के अन्दर फांसी की सज़ा दी जाए ताकि पूरे देश में सख्त सन्देश दिया जा सके.

2. अपराध संशोधन कानून 2018 को प्रभावी तरीके से लागू किया जाए

a. सभी संबंधित विभागों पुलिस, मेडिकल प्रोफ़ेशनल, अभियोजन, फॉरेंसिक विशेषज्ञ और न्यायिक अधिकारियों को न्यायिक प्रक्रिया को त्वरित और प्रभावशाली बनाने के लिए ट्रेनिंग दी जाए

b. देश और दुनिया में अपनाये गए ऐसे तौर तरीकों और कार्यविधि का अध्ययन किया जाए जिन मामलों में बहुत कम समय मे मुकदमा पूरा करके दोषियों को सज़ा दी गयी और उन में से सबसे अच्छे तरीकों को अपनाया जाए

3. जांच कार्य मे लगे हुए पुलिस बल की संख्या बढ़ाई जाए और यह भी सुनिश्चित किया जाए कि कानून व्यवस्था के रखरखाव के लिए उचित पुलिस बल उपलब्ध हो जिससे सार्वजनिक स्थान सुरक्षित हों. देशकी राजधानी में ही अभी 63,000 पूलिस बल की कमी है.

4. पर्याप्त संख्या में फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट बनाये जाएं.

5. हर जिले में फोरेंसिक टेस्ट की सुविधाएं उपलब्ध करवाई जायें जिसमे आधुनिक तकनीक उपलब्ध हों, जैसे मोबाइल फॉरेंसिक यूनिट इत्यादि.

6. हर अदालत में पर्याप्त संख्या में अभियोजकों की नियुक्ति की जाए ताकि हर मामले में उचित ध्यान दिया जा सके जांच में हुई तकनीकी खामियों की वजह से दोषमुक्ति की संख्या शून्य तक लायी जा सके.

7. निर्भया फण्ड को केंद्र में नौकरशाही के चंगुल से मुक्त करके उसको उचित दिशानिर्देशों और निगरानी के साथ राज्यों को दे दिया जाए.

8. बलात्कार के मामलों में मुकदमे की सुनवाई पूरी होने तक अभियुक्त को जमानत न दी जाए.