मोदी शाह की बीजेपी असली बीजेपी नहीं है ? आडवाणी ने उठाए सवाल

अब तक ये बात बौद्धिक बहस में ही कही जाती थी या आरोपों की शक्ल में सामने आती थी लेकिन अब बीजेपी के संस्थापक लालकृष्ण आडवाणी ने इस बात पर मोहर लगा दी है कि नरेन्द्र मोदी और अमित शाह की बीजेपी वो बीजेपी नहीं है जिसकी उन्होंने स्थापना की थी. ठीक चुनाव से पहले लोगों को ये संदेश देना कि ये बीजेपी असली नहीं है काफी मायने रखता है. आप आगे जाकर सोचना चाहें तो इसका मतलब ये भी है कि इस बीजेपी को वोट न दें क्योंकि ये वो बीजेपी नहीं है.

आप चाहें तो ये मतलब भी निकाल सकते हैं कि बीजेपी पर इन दोनों ने बीजेपी की मूल आत्मा को खत्म कर दिया है या बीजेपी की विचारधारा को खत्म करके उस पर कट्टरपंथ थोप दिया है.

लालकृष्ण आडवाणी ने पार्टी के स्थापना दिवस (6 अप्रैल) के मौके पर गुरुवार को ब्लॉग लिखा. आडवाणी ने लिखा कि भाजपा ने कभी भी राजनीतिक मतभेद रखने वालों को दुश्मन नहीं माना, बल्कि केवल विरोधी समझा. उन्होंने लिखा कि ऐसे लोगों को हमने कभी राष्ट्र विरोधी नहीं कहा.

ब्लॉग में आडवाणी ने जनता को ये 5 संदेश दिए

आडवाणी ने लिखा-

1. राष्ट्रवाद के भाजपा सिद्धांत में हमने कभी ऐसे लोगों को राष्ट्रविरोधी नहीं कहा, जो हमसे राजनीतिक मतभेद रखते थे. पार्टी निजी और राजनीतिक स्तर पर हमेशा हर नागरिक के चुनाव की स्वतंत्रता के लिए प्रतिबद्ध रही.

2. “पार्टी के भीतर और राष्ट्रीय स्तर पर लोकतंत्र और लोकतांत्रिक परंपराओं की सुरक्षा भाजपा की गौरवपूर्ण विशिष्टता रही है.’

3. “भाजपा हमेशा से ही सभी लोकतांत्रिक संस्थानों की स्वतंत्रता, अखंडता, निष्पक्षता और मजबूती के लिए आवाज उठाने में सबसे आगे रही है.’

4. यह सच है कि चुनाव लोकतंत्र का उत्सव होते हैं. लेकिन, यह भारतीय लोकतंत्र के सभी भागीदारों के लिए ईमानदारी से आत्मावलोकन का अवसर भी हैं.

5. “6 अप्रैल को भाजपा अपने स्थापना दिवस का उत्सव मनाएगी. यह हम सभी के लिए अतीत और भविष्य में देखने के साथ-साथ अपने भीतर झांकने का महत्वपूर्ण अवसर है.’

विपक्ष की प्रतिक्रिया

बीजेपी मार्गदर्शक मंडल के सदस्य लाल कृष्ण आडवाणी के ब्लॉग पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रतिक्रिया दी है. राहुल गांधी ने कहा कि नरेंद्र मोदी ने अपने गुरु के लिए क्या किया है, क्या यह हिन्दू धर्म है, मोदी हमें हिन्दू धर्म सिखाएंगे.

नागपुर में राहुल गांधी ने कहा कि जब मोदी कभी भी ‘नफरत’ फैलाते हैं, तो पहले देखिए कि मोदी ने अपने गुरु के लिए क्या किया है, क्या यह हिन्दू धर्म है, मोदी हमें हिन्दू धर्म सिखाएंगे. उन्हें किसने ऐसा हिन्दू धर्म सिखाया  है, जिसमें गुरु के साथ ऐसा व्यवहार किया जाना चाहिए.

वहीं, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ट्विटर पर लिखा, ‘वरिष्ठतम राजनीतिज्ञ, पूर्व डिप्टी पीएम और भाजपा के संस्थापक आडवाणी जी ने लोकतांत्रिक शिष्टाचार के बारे में जो विचार व्यक्त किया है, वह महत्वपूर्ण है. बेशक, सभी विपक्ष जो अपनी आवाज उठाते हैं, वे राष्ट्र विरोधी नहीं हैं. हम उनके बयान का स्वागत करते हैं.’