सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद

आम्रपाली ग्रुप के बायर्स के खरीदारों को सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी राहत दी है. इस मामले में सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि हम कागज़ी शेर नहीं हैं. हम ठोस कार्रवाई करेंगे. हम रचनात्मक काम चाहते हैं.  कोर्ट ने नोएडा ग्रेटर नोएडा ऑथोरिटी से दोटूक कहा कि कई नोटिस के बावजूद आपने कोई respose नहीं दिया है. हमे कठोर कदम उठाने को मजबूर ना करें.

कोर्ट ने बैंकों को फटकारते हुए कहा कि अभी हम घर खरीदारों की गंभीर समस्या पर बात कर रहे हैं. खामख्वाह इसमे व्यवधान ना करें. हमने कह दिया है कि आपको बाद में सुनेंगे.

कोर्ट ने नोएडा ग्रेटर नोएडा ऑथोरिटी को कहा कि घर खरीदारों की रजिस्ट्री फौरन शुरू करे. घर खरीदारों ने अदालत में कहा कि इस भ्रष्टाचार में शामिल रहे नोएडा ग्रेटर नोएडा ऑथोरिटी के अधिकारियों के खिलाफ कौन सी एजेंसी कार्रवाई करेगी ये भी तय कर दिया जाय.

उन्होंने मांग की कि आरबीआई को निर्देश दिया जाए कि बैंकों की मिलीभगत की जांच कर कार्रवाई करे. इसके साथ ही कोर्ट ने ED और EOW ने सुप्रीम कोर्ट में अपनी स्टेटस रिपोर्ट दाखिल की.

सुप्रीम कोर्ट के आदेश की खास बातें

– सुप्रीम कोर्ट ने नोएडा और ग्रेटर नोएडा ऑथोरिटी को कहा कि आम्रपाली फ्लैट खरीदारों का फ्लैट रजिस्ट्रेशन तुरंत शुरू करे.

– सुप्रीम कोर्ट ने कहा नोएडा और ग्रेटर नोएडा ऑथोरिटी को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर उनकी तरह से फ्लैट रजिस्ट्रेशन या फ्लैट के कब्ज़े में देरी की जाती है तो उन्हें जेल भेज देंगे.

– नोएडा और ग्रेटर नोएडा ऑथोरिटी की तरफ से कोर्ट को बताया गया कि आम्रपाली मामले के लिए उन्होंने स्पेशल सेल बनाया है.

– साथ ही कुछ ऑफिसर की इसी काम के लिए विशेष तौर पर नियुक्ति की गई है.

– नोएडा और ग्रेटर नोएडा ऑथोरिटी ने कोर्ट को भरोसा दिया है कि कोर्ट के आदेश के पालन में बिल्कुल देरी और लापरवाही नही होगी.

– ED और EOW ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अब तक हुई जांच की स्टेटस रिपोर्ट दाखिल की.