अमित शाह के रोड शो को छात्रों ने घेरा, आगजनी और पथराव

प.बंगाल में इस बार टक्कर चुनाव में हो न हो हुड़दंग बाज़ी में बराबर की है. तू डाल डाल में पात पात के माहौल में बीजेपी जहां एक तरफ सांप्रदायिक नारे उछाल रही है वहीं ममता बैनर्जी अपने चिर परिचित हिंसक जवाब दे रही हैं.

मंगलवार को तो हद ही हो गई. भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के रोड शो के दौरान हंगामा हो गया. शाह जिस वाहन पर सवार थे, उस पर डंडे फेंके गए. रोड शो पर कुछ लोगों ने पत्थर फेंके और आगजनी भी की गई. पुलिस ने हालात काबू में करने के लिए लाठीचार्ज किया. इसके बाद शाह ने रोड शो खत्म कर दिया. यही शो अगर यूपी में होता तो काले झंडे दिखाने से लोगों को रोकने के लिए बुर्के तक उतरवा लिए जाते. प्रदर्शनकारी लड़कियों की पिटाई के कई वीडियो सोशल मीडिया पर देखे हैं.

खैर पुलिस के मुताबिक, कलकत्ता यूनिवर्सिटी के सामने भाजपा कार्यकर्ताओं ने हॉस्टल के गेट बंद कर दिए और पत्थरबाजी की. इस दौरान कुछ लोगों ने विद्यासागर कॉलेज में लगी इश्वर चंद्र विद्यासागर की प्रतिमा को भी तोड़ दिया.

ऊधर तृणमूल छात्र परिषद और लेफ्ट विंग के कार्यकर्ताओं ने शाह के खिलाफ नारे लगाए और काले झंडे दिखाए. साथ ही उनके काफिले पर पत्थरबाजी की गई. इसके बाद भाजपा और तृणमूल कार्यकर्ताओं में झड़प हो गई.

रोड शो से पहले कुछ लोगों ने मोदी और शाह के पोस्टरों को हटा दिया गया. भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने इसके पीछे ममता सरकार का हाथ बताया. उन्होंने कहा, ”मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के गुंडों और पुलिस ने पोस्टर और झंडे निकाल दिए. जैसे ही हम लोग पहुंचे वे यहां से भाग गए.”

ममता सरकार ने 7वें चरण में केंद्रीय बलों की तैनाती को लेकर चुनाव आयोग को पत्र लिखा है. इसमें सरकार ने क्विक रेस्पॉन्स टीम में स्थानीय अफसर न रखने के फैसले पर विचार करने को कहा है. ममता ने कहा कि केंद्रीय बल स्थानीय पुलिस को संपर्क में नहीं रख रहे हैं.

सातवें चरण में बंगाल की 9 सीटों पर मतदान होना है. इसके मद्देनजर शाह की सोमवार को तीन रैलियां होनी थीं, लेकिन उन्हें जाधवपुर में हेलिकॉप्टर उतारने की अनुमति नहीं मिली थी. इसके बाद शाह ने जॉय नगर में जनसभा की थी. यहां उन्होंने कहा था- मेरी यहां तीन रैलियां होनी थीं. जॉयनगर में तो आ गया मगर दूसरी जगह ममता दीदी के भतीजे की सीट थी. वहां पर हमारे जाने से ममताजी डरती हैं कि भाजपा वाले इकट्ठे होंगे तो भतीजे का तख्त उल्टा हो जाएगा. इसलिए उन्होंने सभा की इजाजत नहीं दी.

पश्चिम बंगाल में योगी आदित्यनाथ की सभाओं की अनुमति को भी रद्द कर दिया गया है. पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने सोमवार को यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि 15 मई को योगी दक्षिण पश्चिम कोलकाता में बेहाला इलाके में जेम्स लॉग सारानी में जनसभा करने वाले थे.

प्रशासन ने पहले इसके लिए अनुमति दे दी थी, लेकिन सोमवार को इसे वापस ले लिया गया. योगी को इसी दिन उत्तर 24 परगना जिले के हावड़ा में एक और उत्तर कोलकाता के फूलबागान में एक रैली को संबोधित करना था. राज्य में लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण में 19 मई को वोट डाले जाएंगे.