सिख ड्राइवर पर पिल पड़ना पुलिस को महंगा पड़ा, अधर में अटकी जान

उत्तर पश्चिम दिल्ली के मुखर्जी नगर में रविवार को एक पुलिस वाहन और एक टेंपो चालक में हुए मामूली विवाद ने एक हिंसक मोड़ ले लिया. बताया जा रहा है कि एक पुलिस वाहन को टेंपो चालक ने टक्कर मार दी. इसके बाद पुलिस वालों ने उसे बीच सड़क जमकर पीटा. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है.

मामले में तीन पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया गया है. एक वीडियो में टेंपो चालक तलवार से पुलिस की ओर दौड़ता हुआ भी दिख रहा है, जबकि दूसरे में कई सारे पुलिस वाले उसपर लाठी-डंडे और लात बरसा रहे हैं. मामले में बीजेपी नेता ने सभी पुलिस के आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की बात कही है.

उधर पीड़ित सिख के घर दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल के घऱ पहुचें

दरअसल, रविवार शाम 6 बजे के करीब कथित तौर पर पुलिस के वाहन से टेंपो चालक सरबजीत सिंह के वाहन की टक्कर हो जाती है. जिसके बाद पुलिसकर्मियों और सरबजीत के बीच कहासुनी होने लगती है. इस दौरान आरोप है कि के बाद टेंपो चालक ने अपनी तलवार से एक पुलिस अधिकारी पर हमला कर दिया. इसके बाद करीब दर्जन भर पुलिसकर्मियों ने सरबजीत पर धावा बोल दिया और उसे सड़क कर घसीट-घसीटकर मारना शुरू कर दिया. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कई पुलिसवाले उसपर लाठियां और लात बरसा रहे हैं. आरोप है कि इस दौरान सरबजीत के बेटे की भी पिटाई गई और दोनों को हवालात में डाल दिया गया.

पुलिस की इस कार्रवाई से नाराज मुखर्जी नगर स्टेशन पर पहुंचे बीजेपी-शिअद विधायक मनजिंदर सिंह सिरसा ने इंडियन एक्सप्रेस से कहा, “इन अधिकारियों को बर्खास्त कर दिया जाना चाहिए. पुलिस ने मुझे बताया कि तीन कर्मियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा रही है.

पुलिस को इस तरह एक आदमी को मारने का अधिकार किसने दिया? यदि आप उसे मारते हैं, तो क्या वह वापस नहीं मरेगा? इस दौरान सिरसा ने एक ट्वीट भी किया. जिसमें उन्होंने लिखा, “कल मैं पुलिस कमिश्नर से मिलूंगा और इन पुलिसकर्मियों के खिलाफ शिकायत दर्ज करूंगा. यहां तक ​​कि अगर मुझे गृह मंत्रालय या अदालत जाना पड़ता है तो मैं इन पुलिसकर्मियों को निलंबित करवाउंगा. बता दें कि इस घटना के बाद AAP के तिलक नगर के विधायक जरनैल सिंह भी पुलिस स्टेशन पहुंचे.

दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने भी इस घटना की निंदा करते हुए कहा कि मुखर्जी नगर में दिल्ली पुलिस की बर्बरता बहुत निंदनीय और अनुचित है. मैं पूरी घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करता हूं.