मध्यस्थों से समझौते के बाद शाहीन बाग से ट्रैफिक शुरू, इन शर्तों पर माने आंदोलनकारी

Shaheen Bagh Protest Latest News Today  now संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ बीते 70 दिनों से बंद शाहीन बाग का एक रास्ता शनिवार शाम को प्रदर्शनकारियों ने खोल दिया गया. एबीपी न्यूज के मुताबिक कालिंदी कुंज 9 नंबर सड़क के सामने से  प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग हटा दी. यह रास्ता नोएडा से फरीदाबाद की तरफ जाता है.

बीते दो महीने से भी अधिक समय से बंद पड़ा दिल्ली-नोएडा-फरीदाबाद सड़क आखिरकार शनिवार को खुल गया. शाहीन बाग में चल रहे नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे प्रदर्शनकारियों के आंदोलन के कारण यह सड़क बंद पड़ी थी.

अमर उजाला की खबर के मुताबिक प्रदर्शन के कारण बंद रास्ते को खुलवाने के लिए सुप्रीम कोर्ट की ओर से नियुक्त वार्ताकार साधना रामचंद्रन और संजय हेगड़े ने भी अपील की थी कि वह अपने प्रदर्शन को कहीं और जारी रखें लेकिन यह वो रास्ते को खाली कर दें क्योंकि इससे लाखों लोगों को परेशानी हो रही है. माना जा रहा है कि प्रदर्शनकारी सुप्रीम कोर्ट और वार्ताकारों का सम्मान करते हुए एक तरफ के रास्ते को खोलने पर जारी हुए हैं.

जानकारी के मुताबिक सड़क नंबर 9 को अब आम लोगों के आने जाने के लिए खोल दिया है, जिससे दिल्ली से नोएडा और फरीदाबाद आने और जाने वाले लोगों को काफी राहत मिलेगी.

प्रदर्शनकारियों की मांग है कि उन्हें 24 घंटे सुरक्षा मुहैया कराई जाए और सुप्रीम कोर्ट इस संबंध में आदेश जारी करे. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उन्हें मीडिया और पुलिस पर भरोसा नहीं है, हम चाहते हैं कि सुप्रीम कोर्ट हमारी सुरक्षा की जिम्मेदारी ले. 

प्रदर्शनकारियों की मांग है कि शाहीन बाग और जामिया के लोगों के खिलाफ दर्ज केस और नोटिस को वापस लिया जाए. इसके साथ ही जामिया में हुई हिंसा में पुलिस की भूमिका की भी जांच हो. वे चाहते हैं कि प्रदर्शन स्थल की सुरक्षा के लिए स्टील शीट का उपयोग किया जाए.

डीसीपी दक्षिण पूर्व दिल्ली ने बताया कि आज थोडी देर पहले कुछ प्रदर्शनकारियों के एक समूह ने सड़क नंबर 9 को दोबारा खोल दिया है. इससे पहले प्रदर्शनकारियों के दूसरे समूह ने इसे बंद कर दिया था. अब दोबारा प्रदर्शनकारियों के एक समूह ने छोटा सा रास्ता खोल दिया है. हालांकि अब तक इसपर कोई सफाई नहीं आई है कि इससे प्रदर्शनकारी सहमत है या नहीं.

इतना ही नहीं सुप्रीम कोर्ट द्वारा शाहीन बाग के धरने प्रदर्शन पर बातचीत के लिए नियुक्त किए गए वार्ताकारों और प्रदर्शनकारियों के बीच चौथे दिन भी सहमति नहीं बन पायी. शनिवार को वार्ताकार साधना रामचंद्रन फिर से शाहीन बाग पहुंची. जहां प्रदर्शनकारियों ने कई मांगें उनके सामने रखीं, लेकिन बातचीत आखिर में बेनतीजा रही.

शाहीन बाग के धरने प्रदर्शन को लेकर सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त मध्यस्थता पैनल में शामिल वार्ताकार साधना रामचंद्रन ने कहा है कि हम यहां शाहीन बाग के धरने प्रदर्शन को खत्म कराने के लिए नहीं आए हैं, हम सिर्फ यहां रास्ता खुलवाने के लिए आए हैं.