‘केजरीवाल के विधायक’ की करतूत, लड़कियों की मॉब लिंचिग की जनता से अपील की

केजरीवाल के विधायक कहें आपके विधायक कहें या बीजेपी की मेयर की नालायक संतान.  इस नेता की इस हरकत को देखकर आपका दिल करेगा कि इसके पृष्ठभाग पर पद प्रहार करके इसे सीधा तिहाड़ पहुंचा दिया जाए. लेकिन आप ऐसा नहीं करसकते क्योंकि आप  कानून को मानने वाले व्यक्ति हैं लेकिन ये शख्स नहीं है. विधायक होने के बावजूद इसका हर बयान सड़कछाप लतखोर मवाली जैसा होता है.

बीजेपी का राज है इसलिए ऐसे फर्जी देशभक्त के खिलाफ पुलिस कोई एक्शन नहीं ले रही.  कपिल मिश्रा नाम के इस विधायक ने एक वीडियो जारी किया है जिसमें लड़कियों की मॉब लिंचिग की बात कर रहा है.

ये वीडियो वायरल हो रहा है और इसे लेकर केंद्र सरकार के संचार मंत्रालय की ओर से दिल्ली पुलिस के आयुक्त को चिट्ठी लिखी गई है. इस वीडियो में कपिल बरखा दत्त, कविता कृष्णन, शेहला राशिद और कई लोगों के नाम लेकर उन्हें घर से खींच कर सड़क पर लाकर उनकी ‘मॉब लिंचिंग’ (पीट-पीट कर मार डालने) करने की बात कह रहे हैं.

Thread on how Kapil Mishra is speaking the language of anti Dalit terrorists when he says ‘destroy wombs that produce terrorists’. Ranveer Sena chief Brahmeshwar Singh had said much the same thing to justify massacres of Dalits in Bihar. @jigneshmevani80— Kavita Krishnan (@kavita_krishnan) February 25, 2019

संचार मंत्रालय के कंट्रोलर कम्युनिकेशन आशीष जोशी ने पुलिस आयुक्त को चिट्ठी लिखकर इस वीडियो का संज्ञान लेने के लिए कहा है. चिट्ठी में लिखा है कि कपिल मिश्रा ने जो वीडियो शेयर किया है, वह बेहद भड़काऊ है और नागरिकों को कुछ लोगों के ख़िलाफ़ हमला करने के लिए उकसाने वाला है.

It’s Now or Never

खींच निकालो बीच सड़क पर
घर में छिपे हुए गद्दार

Kapil Mishra exposing Terrorism supporters in India pic.twitter.com/2hKxzNhK4a— Kapil Mishra (@KapilMishra_IND) February 24, 2019

चिट्ठी में यह भी लिखा है कि यह वीडियो भारतीय दंड संहिता और आईटी एक्ट के नियमों का भी उल्लंघन करता है. चिट्ठी में यू ट्यूब पर अपलोड इस वीडियो का भी लिंक दिया गया है. बात बात में लोगों को ब्लॉक करने वाला यूट्यूब इस वीडियो पर अपने सुनने वाले सभी छेद बंद करके बैठा है.

बता दें कि ‘खींच निकालो बीच सड़क पर, घर में छिपे हुए गद्दार’ इस मिसरे के साथ आम आदमी पार्टी (‘आप’) के निलंबित विधायक कपिल मिश्रा ने रविवार सुबह ट्वीट कर बरखा दत्त, कविता कृष्णन, शेहला राशिद, कमल हासन, नवजोत सिंह सिद्धू,नसीरुद्दीन शाह और प्रशांत भूषण  का नाम लेकर उन्हें घर से खींच कर सड़क पर लाकर उनकी ‘मॉब लिंचिंग’ (पीट पीट कर मार डालने ) करने का एक कविता मेंआह्वान किया है.

ऐसा भड़काऊ ट्वीट करने के बावजूद कपिल मिश्रा खुले आम दिल्ली में घूम रहे हैं जबकि बीजेपी का झंडा लगाने से रोकने भर पर एक युवक को उत्तर प्रदेश में गिरफ्तार कर लिया गया है.

इस वीडियो कविता पर बवाल मच गया है. यह वीडियो यूट्यूब पर भी अपलोड किया गया है . बरखा दत्त ने उनका ट्वीट पीएमओ और रविशंकर प्रसाद को ज़रूरी कार्रवाई के लिये बढ़ा दिया है . उन्होंने एडीटर्स गिल्ड और ट्विटर प्रशासन से भी शिकायत की है .

कविता कृष्णन ने ट्वीट किया है कि कपिल मिश्रा उस भाषा में बात कर रहे हैं जैसे बिहार में रणवीर सेना के प्रमुख ब्रहमेश्वर सिंह दलितों की हत्या को सही ठहराने के लिए किया करते थे. कविता ने एक अन्य ट्वीट में कहा है, ‘मैं कपिल मिश्रा जैसे गली के गुंडों से मैं नहीं डरती. तुम्हारे गुंडे मुझे घर से निकाल कर सड़क पर हत्या करेंगे तो तुम दुनिया को बताओगे कि तुम आतंकवादी हो, गद्दार हो, देश के टुकड़े करने चाहते हो, वही सब कुछ हो जिसका आरोप तुम हमपर लगाते फिरते हो!’

ऑल्ट न्यूज़ के सह संस्थापक प्रतीक सिन्हा ने ट्वीट किया है कि पिछले हफ़्ते में ही दो लोग पत्रकारों, सामाजिक कार्यकर्ताओं को सड़क पर घसीटने की धमकी दे चुके हैं. इसमें से एक कपिल मिश्रा हैं जबकि दूसरे विवेक अग्निहोत्री. प्रतीक ने इस संबंध में ट्विटर से भी शिकायत करते हुए कार्रवाई करने के लिए कहा है.

कपिल मिश्रा जब केजरीवाल के साथ दिल्ली की राज्य सरकार में मंत्री थे तब का उनका ऐसे ही मसले पर दूसरा ट्वीट है जो कविता कृष्णन ने जवाब में उनके सामने कर दिया है . तब उन्होंने मोदी जी के बारे में 15 फरवरी 2016 को लिखा था ‘हिंदुस्तानियों को देशद्रोही कहते हैं और पाकिस्तानियों के तलवे चाटते हैं, यह है बीजेपी का फ़र्ज़ी राष्ट्रवाद’!

दिल्ली डिस्ट्रिक्ट पुलिस के डीसीपी मधुर वर्मा के नेतृत्व में दिल्ली पुलिस अभिसार शर्मा को फ़ोन पर जान से मारने की धमकी देने वाले एक शख़्स को गिरफ़्तार करने में सफल रही है, जिसने बाद में अभिसार शर्मा से लिखित माफ़ी माँग कर अपनी जान छुड़ाई थी. पर कपिल मिश्रा का मामला गंभीर है. वह मंत्री रह चुके हैं और विधायक हैं, ठलुए नहीं. बरखा दत्त, कविता कृष्णन और शेहला राशिद ने उन पर अपनी शिकायत में देशद्रोह जैसी कड़ी धाराएँ लगाने की माँग की हैं. यह विवाद तूल पकड़ सकता है, और संभवत: कपिल मिश्रा अपनी दो कौड़ी की जिदगी में कुछ चर्चाएं जोड़ने के लिए इस विवाद का आनंद ले रहे हैं.

1 Comment

  1. I would humbly pray the ladies to take the matter to the logical conclusion. God bless all of you.

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