नेताओं की भड़काऊ बयानबाज़ी का नतीजा, एक और पगलैट ने शाहीन बाग में धरने पर गोली चलाई

नागरिकता संशोधन कानून यानी (CAA) के खिलाफ शाहीन बाग (shaheen bagh) में चल रहे धरने पर फिर गोलिया चलने( AGAIN firing) का साफ संदेश है कि देश के जिम्मेदार नेताओं को अपनी जुबान का इस्तेमाल संभालकर करना चाहिए. शाहीन बाग में अग्नेयास्त्रके इस्तेमाल का ये तीसरा मामला है. यहां शनिवार को एक शख्स ने फायरिंग की है. गोली चलने के कारण वहां मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई. हालांकि वहां मौजूद पुलिस ने गोली चलाने वाले शख्स को हिरासत में ले लिया है.

इस संबंध में पुलिस ने बताया पकड़े गए शख्स ने हवा में दो फायर किए . इस फायरिंग में किसी को कोई क्षति नहीं हुई है. गोली चलाने वाले शख्स की पहचान कपिल गुर्जर के तौर पर हुआ है और वह दिल्ली-नोएडा के पास स्थित दल्लुपुरा का रहने वाला है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस शख्स ने प्रदर्शन स्थल पर लगाए गए पुलिस बैरिकेड के पास फायरिंग की थी.

शाहीन बाग में हुई इस फायरिंग के विरोध में प्रदर्शनकारी महिलाओं ने मानव श्रृंखला बनाई. वहीं, दिल्ली पुलिस के डीसीपी चिन्मय बिसवाल ने घटना की जानकारी देते हुए कहा कि यह फायरिंग हवा में की गई थी, हालांकि पुलिस ने हमलावर को गिरफ्तार कर लिया है. हमलावर को गिरफ्तार कर सरिता विहार थाने में ले जाया गया है, वहां उससे पूछताछ की जा रही है.

बता दें कि इससे पहले जामिया मिल्लिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी में 30 जनवरी को सीएए के खिलाफ छात्रों द्वारा राजघाट तक मार्च निकालने के दौरान भी भड़ाकाऊ बयानों का शिकार हुए एक नाबालिग ने भी भीड़ पर फायरिंग की थी. इस घटना में जामिया के एक छात्र के हाथ में गोली लगी थी. नाबालिग को जुवेनाइल एंड जस्टिस बोर्ड ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. वहीं पुलिस का कहना है कि उसकी उम्र की जांच के लिए बोर्ड बनाया जाए.

गौरतलब है कि शाहीन बाग में बीते 49 दिन से सीएए के खिलाफ प्रदर्शन हो रहा है. इससे पहले 28 जनवरी को भी एक शख्स शाहीन बाग में हथियार के साथ गिरफ्तार हो चुका है. पकड़ा गया शख्स पिस्टल लहराते हुए मंच तक जा पहुंच था. हाथ में पिस्टल पकड़े शख्स ने प्रदर्शन कर रहे लोगों से चंद मिनटों में मंच खाली करने की चेतावनी दी थी. वहां मौजूद लोगों ने युवक को पकड़ कर मंच से बाहर हटाया था. पुलिस ने शख्स की पहचान मोहम्मद लुकमान के रूप में की थी.