कन्हैया कुमार के साथ मारपीट, धक्कामुक्की, गुंडागर्दी

कन्हैया कुमार के साथ मारपीट, धक्कामुक्की, गुंडागर्दी

नई दिल्ली: लखनऊ में आयोजित साहित्य महोत्सव में जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार के साथ अभद्रता, धक्का मुक्की और अराजक हरकते किए जाने के बाद जिला प्रशासन ने इसे रद्द कर दिया. प्रशासन ने कहा कि आयोजकों ने पुस्तक मेले की इजाजत ली थी न कि किसी गोष्ठी या फेस्टिवल की. दरअसल इसके पीछे राजनीतिक वजह भी है. कन्हैया कुमार के आने को बीजेपी की विचारधारा सही नहीं मानती. माना जा रहा है कि सत्ताधारी पार्टी को खुश करने के लिए प्रशासन ने ये फैसला लिया.

अफसोस की बात ये रही कि कन्हैया के साथ करीब एक घंटे तक बदसलूकी होती रही लेकिन पुलिस वहां नहीं थी. इस कार्यक्रम के बारे में बाकायदा अखबारों में जानकारी थी और ये भी पता था कि एबीवीपी के लोग कुछ गड़बड़ी ज़रूर करेंगे

राजधानी के शीरोज हैंगआउट में शुक्रवार रात से तीन दिन तक चलने वाले साहित्य महोत्सव को भारी हंगामे के बाद जिला प्रशासन ने पहले ही दिन रद्द कर दिया. इस कार्यक्रम में कन्हैया कुमार और फिल्म अभिनेता शत्रुघन सिन्हा ने हिस्सा लिया था.

लखनऊ साहित्य महोत्सव के संस्थापक आयोजक शमीम आरजू ने बताया, ‘शुक्रवार रात पहला सत्र फिल्म अभिनेत्री दिव्या दत्ता का था जिसमें उन्होंने अपनी किताब के बारे में चर्चा की. इसके बाद जेएनयू के कन्हैया कुमार अपनी पुस्तक की चर्चा के लिए मंच पर आए तभी किसी संगठन से जुडे़ कई लोग वहां आकर हंगामा और तोड़फोड़ करने लगे. पुलिस ने आकर मामला शांत कराया जिसके बाद फिल्म अभिनेता शत्रुघन सिन्हा की पुस्तक पर चर्चा हुई.’

ओवैसी के कार्यक्रम का होगा फेसबुक लाइव

आरजू ने कहा कि शनिवार को AIMIM के सांसद असदुद्दीन ओवैसी का कार्यक्रम होने वाला था लेकिन अब यह नहीं होगा. इस कार्यक्रम को फेसबुक लाइव किया जाएगा.

इस मुद्दे पर लखनऊ के जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने कहा, ‘साहित्य महोत्सव के आयोजकों ने केवल पुस्तक मेले के आयोजन के लिए जिला प्रशासन से अनुमति ली थी, आयोजकों ने महोत्सव में किसी नेता या अभिनेता के शिरकत करने, भाषण देने या किसी ऐसी गोष्ठी के आयोजन की जानकारी नहीं दी थी. नियमों और शर्तों का उल्लंघन किया गया, इसी कारण कार्यक्रम के लिए दी गई अनुमति खारिज की जाती है.’

डीएम ने कहा कि शहर में निकाय चुनाव के कारण पहले से ही आचार संहिता लगी हुई है और शुक्रवार शाम आयोजित महोत्सव में नेता, अभिनेता आएंगे, इसकी कोई जानकारी नहीं दी गई थी और इसलिए वहां सुरक्षा के इंतजाम नहीं किए गए थे.

साहित्य महोत्सव के आयोजक शमीम ने कहा, ‘हमने जिला प्रशासन को इस महोत्सव की जानकारी दी थी, लेकिन तब केवल दिव्या दत्ता का कार्यक्रम होना था. बाद में अन्य वक्ताओं के कार्यक्रम के प्रस्ताव आए. कन्हैया कुमार इस कार्यक्रम में आ रहे हैं, यह बात कई दिन पहले से अखबारों में छप रही है इसलिए प्रशासन को इसे संज्ञान में लेना चाहिए था.’