जस्टिस लोया मामले में एक्सप्रेस की पड़ताल पर सवाल, छोड़ दिए अहम सवाल

जस्टिस लोया मामले में एक्सप्रेस की पड़ताल पर सवाल, छोड़ दिए अहम सवाल

नई दिल्ली : राजनीतिक सरगर्मियों के बीच अचानक आई ‘इंडियन एक्सप्रेस’ की रिपोर्ट ने सबको चौंका दिया. एक्सप्रेस ने अपनी रिपोर्ट में दिल्ली प्रेस की चर्चित मैगजीन The Caravan की रिपोर्ट की पड़ताल की . पड़ताल ने कारवां पर कई सवाल उठाए. रिपोर्ट में कही गई कई बातों को गलत भी बताया गया. नॉकिंग न्यूज़ ने इस खबर को आपतक पहुंचाया था लेकिन अब इस रिपोर्ट के बाद नयी बहस खड़ी हो गई है. जानकारों का कहना है कि इंडियन एक्सप्रेस ने जो मुद्दे उठाए वो  ठीक हैं लेकिन जो छोड़ दिए उनमें ही वो सवाल है जो मौत को संदिग्ध बनाते हैं.

दरअसल कारवां की रिपोर्ट में कहा गया था कि जस्टिस लोया की ईसीजी नहीं की गई थी लेकिन इंडियन एक्सप्रेस ने एक ईसीजी पेश किया जिसे जस्टिस लोया का बताया गया। लेकिन ये अहम सवाल नहीं हैं. इसके आधार पर मौत को सामान्य नहीं बताया जा सकता. दरअसल इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट में कई अहम सवालों के जवाब नहीं हैं लेकिन उसे क्लीनचिट की तरह देखा जाने लगा. लेकिन सबसे अहम सवालों के जवाब अब तक नहीं मिले हैं. ये सवाल हैं..

– लोया का मोबाइल फ़ोन दो तीन-दिन बाद परिजनों को क्यों दिया गया और उस फ़ोन की सारी मेमोरी मिटा क्यों दी गई थी?

– जिस ईश्वर बहेटी ने यह फ़ोन दिया, उसे कारवां ने संघ का सदस्य होना बताया है। कारवां के अनुसार वह शख्स परिवार के लिए अज़नबी था। पर एक्सप्रेस का दावा है कि वह लोया से मिलता जुलता रहता था। लेकिन उसे लोया का फ़ोन किसने दिया?

– यह फ़ोन पुलिस ने सीधा परिवार वालों को क्यों नहीं दिया, फोन का डेटा गायब क्यों था?

– क्या किसी रिश्तेदार के कहने पर न्यायधीश जैसे लोगों का पोस्टमार्टम हो जाता है?

– बहन के आरोपों और बेटे के डर के पीछे का माज़रा क्या है?

– लोया के उन तनावों पर रिपोर्ट मौन क्यों है, जो वो मुकदमे की सुनवाई के दौरान झेल रहे थे, जिसका जिक्र वो घर आते ही करते.

– जस्टिस लोया को 100 करोड़ की रिश्वत की पेशकश की बात पर एक्सप्रेस ने ध्यान क्यों नहीं दिया ?

– जब जस्टिस लोया का परिवार मुंबई में रहता था तो उनका शव लातूर क्यों भेजा गया?

– अस्पताल पहुंचे जजों में से किसी के मन में यह सवाल क्यों नहीं आया कि मुंबई में लोया साहब के परिवार को खबर दी गई या नहीं और पत्नी, बच्चे वगैरह नागपुर आ रहे हैं या नहीं? नहीं तो क्यों नहीं और हां तो कैसे, कब वगैरह?