MCD स्कूल में आधी रात को मनीष सिसोदिया का छापा, स्कूल में मिले गैस सिलैंडर और आरी

MCD स्कूल में आधी रात को मनीष सिसोदिया का छापा, स्कूल में मिले गैस सिलैंडर और आरी




नई दिल्ली: क्या सरकारी स्कूल मे धर्मशाला बन सकती है.क्या कोई मंत्री रात को स्कूल में छापा मारने का सिरदर्द मोल ले सकता है? इन दोनों सवालों के जवाब चौंकाने वाले हैं. सचमुच दिल्ली के कल्याणपुरी के एमसीडी स्कूल में बाकायदा धर्मशाला चल रही थी. ये धर्मशाला आधी रात को शुरू होती थी और सुबह सूरज निकलते ही फिर से क्लास रूम बन जाते थे. इस मामले में दो लोग गिरफ्तार किए गए हैं.

इस बात का खुलासा तब हुआ जब दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया पुलिस फोर्स के साथ आधी रात को कल्याणपुरी के एमसीडी स्कूल में गए. यहां का नज़ारा देखने लायक था.

जिस बेंच पर बच्चे दिन में बैठ कर पढ़ाई करते हैं वहां कपड़े सूख रहे थे. फ्लोर पर नमकीन और खैनी के रैपर पड़े थे. हद तो तब हो गयी जब एक टेबल पर रखे थैले से आरी और हथौड़ी जैसे औज़ार निकले. इसके बाद दूसरा क्लासरूम खुलवाया गया.अंदर अंधेरा था लेकिन जब लाइट जली तो यहां भी वही तस्वीर नज़र आई.

स्कूल में मौजूद लोगों से पूछताछ में पता चला कि गार्ड ने क्लासरूम सात सौ रुपये महीने पर किराए पर उठा रखे थे.और ये लोग काफी समय से यहां रह रहे थे.. गार्ड का कहना था कि सरकार उससे 24 घंटे काम कराती है जबकि वेतन सिर्फ 8 घंटे का मिलता है इसलिए उसने ये कदम उठाया. सिसोदिया ने भी गार्ड का ये बयान ट्वीट किया.

पुलिस ने इस छापेमारी के बाद दो लोगों को गिरफ्तार किया है और मनीष सिसोदिया ने साफ किया कि सरकार बच्चों की सुरक्षा को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही बरदाश्त नहीं करेगी. गार्ड के मुताबिक प्रिंसिपल को स्कूल में चल रही इन अवांछित गतिविधियों की जानकारी है.मामला बच्चों की सुरक्षा से जुड़ा है.लिहाज़ा इस मामले में कई और अधिकारी नप सकते हैं.

छापे के दौरान सिसोदिया पुलिस और पत्रकारों को भी साथ ले गए थे ताकि बाद में कोई उल्टा केस न बना दे. छापे के बाद सिसोदिया ने कई ट्वीट किए और लोगों को इसकी जानकारी दी. सिसोदिया ने ट्वीट में लिखा –

MCD के स्कूल में गार्ड ने रात के समय क्लास रूम किराए पर दे दिये. रात 10 बजे छापा मारकर 2 लोग गिरफ्तार कराए हैं. जिन क्लास रूम में सुबह बच्चे पढ़ने आते हैं उनमें रात को किराएदार खाना बनाते हैं, आरी, हथौड़ी जैसे औजार अलमारी में रखते हैं. बच्चों की सुरक्षा से स्कूलों में खिलवाड़ किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगा.