मोदी भक्तों ने वाजपेयी का ये भाषण छिपानी की पूरी कोशिश की, वायरल नहीं होने दिया गया वाजपेयी का ये भाषण

मोदी भक्तों ने वाजपेयी का ये भाषण छिपानी की पूरी कोशिश की, वायरल नहीं होने दिया गया वाजपेयी का ये भाषण

प्रधानमंत्री अटल विहारी बाजपेयी का ये वीडियो वायरल होने से रोकने के लिए पूरी कोशिशें होती रही है. आखिर में वीडियो दूरदर्शन आर्काइव से बाहर आ ही गया. कहा जा रहा है कि पूरे यूपी चुनाव में वाजपेयी का ये वीडियो जनता से दूर रखने के लिए बीजेपी ने पूरे घोड़े खोले. ये वीडियो चुनाव के नतीजों पर गहरा असर डाल सकता था. इस वीडियो में वाजपेयी आजादी की 50 वीं सालगिरह पर देश की उपलब्धियों की बात कर रहे हैं. हम अपने पाठकों के लिए ये वीडियो लेकर आए हैं.

वीडियो में वाजपेयी कह रहे हैं – “जिसमें उन्होंने हक बात कही है और उनकी इस बात की जरुर तारीफ की चाहिए. वैसे अटल जी की सोच ये थी कि, ‘किसी की भी बुराई करके चुनाव जीतने से बेहतर है चुनाव हार जाना.” अटल जी ने एक बार संसद में खड़े होकर एक बात कही थी जिसे उनकी पार्टी भाजपा और उनके नेता मोदी को यह बात जरुर याद रखनी चाहिए. उन्होंने कहा था कि, ‘पचास साल में हमने प्रगति की है इस बात से कोई इंकार नहीं कर सकता.

चुनाव के दौरान वोट मांगते हुए सरकार की नीतियों पर कठोर से कठोर प्रहार करते हुए और पुरानी सरकार की नीतियों में आलोचना करने के लायक बहुत कुछ था.’

अटल बिहारी वाजपेयी ने बताया कि, ‘हर जगह मैंने कहा कि, मैं उन लोगों में से नहीं हूँ जो पचास वर्ष की उपलब्धि पर पानी फेर दे. ऐसा करना देश के पुरुषार्थ पर पानी फेरना होगा, ऐसा करना देश के किसानों के साथ अन्याय करना होगा, मजदूर के साथ ज्यादती करनी होगी, आम आदमी के साथ भी. जो सवाल आज मन मैं उठते है वह जरुर उठने चाहिए.

आज से बीस साल पहले दिए गए इस भाषण को आज के नेताओं और उनके भक्तों को जरुर सुनना चाहिए जो सत्तर साल में देश की तरक्की पर सवाल खड़े करते है. लेकिन अभी जो खुद सत्ता में है तो पहले से ज्यादा महंगाई भी बढ़ चुकी है और इनपर उनका कोई ख़ास कदम उठता हुआ दिखाई नहीं दे रहा है. अटल बिहारी वाजपेयीजी की बातों से सभी नेताओं को सबक जरुर हासिल करना चाहिए.