अमेरिका में जमकर बच्चे पैदा कर रहे हैं भारतीय, दूसरे कामों में भी अव्वल, सर्वे रिपोर्ट

अमेरिका में जमकर बच्चे पैदा कर रहे हैं भारतीय, दूसरे कामों में भी अव्वल, सर्वे रिपोर्ट




अमेरिका में बच्चे  पैदा करने में भारत की महिलाओं का नंबर अव्वल है. लेकिन सिर्फ बच्चे पैदा करने में ही नहीं कई दूसरे मामलों में भी भारतीय अमेरिका में धूम मचा रहे हैं. प्यू रिसर्च के एक नए अध्ययन में कई नय जानकारियां सामने आई हैं. इस अध्ययन में भारतीयों के बारे में कई दिलचस्प बातें पता चली हैं. जैसे कि भारतीय महिलाओं के कारण अमेरिका में बिना शादी के पैदा होने वाले बच्चे कम हो गए हैं क्योंकि भारतीय बिना शादी के बच्चे पैदा करने की गलती नहीं करते. हालांकि बिना शादी के बच्चे पैदा करने वाली भारतीय महिलाएं भी एक फीसदी हैं. डिग्री हासिल करने वाली भारतीय महिलाओं की संख्या 87 फीसदी है और उनकी पारिवारिक आय एक लाख डॉलर से ऊपर है. यानी भारत की महिलाएं सबसे ज्यादा पढी लिखी और कमाऊ हैं

शादी के बगैर बच्चे पैदा करने में अमेरिका में रहने वाली होंडूरास की महिलाएं सबसे ऊपर हैं. उनकी हिस्सेदारी 66 फीसदी है. वहां की सिर्फ 51 फीसदी महिलाएं स्कूल डिप्लोमा पास कर पाती हैं और 49 फीसदी महिलाएं गरीब हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, “भारतीय महिलाएं दोनों ही पैमानों पर सबसे आगे हैं. हर 10 में से लगभग 9 बैचलर डिग्री हासिल कर लेती हैं और उनकी आय भी औसतन सालाना एक लाख डॉलर से ज्यादा है.”

रिपोर्ट यह भी बताती है कि कई दशकों तक लगातार बढ़ने के बाद अब बिना शादी के बच्चे पैदा होने का सिलसिला अमेरिका में ठहर गया है. लेकिन इसकी वजह विदेशी महिलाएं ही हैं जो बिना शादी के कम बच्चे पैदा कर रही हैं. इस वजह से अमेरिका में हाल के सालों में बिना शादी के पैदा होने वाले बच्चों का औसत स्थिर हो गया है.

प्यू रिसर्च की इस ताजा रिपोर्ट में बताया गया है कि 2014 में विदेशी मांओं ने अमेरिका में 9,01,245 बच्चे जन्मे थे. इनमें से मेक्सिको की महिलाओं ने 2,87,052 बच्चों को जन्म दिया. चीन की महिलाओं ने करीब 45 हजार बच्चे पैदा किए. और भारत की 43,364 महिलाएं मां बनीं. जहां तक पढ़ाई और कमाई की बात है तो किसी और देश की महिलाएं अमेरिका में भारतीय महिलाओं के स्तर के आसपास भी नहीं हैं. चीन की 60 फीसदी महिलाएं ग्रैजुएट हो पाती हैं जबकि फिलीपींस से आई महिलाओं में से 52 फीसदी बैचलर डिग्री पा लेती हैं. वियतनाम की 35 फीसदी महिलाओं के पास बैचलर डिग्री है.