करप्शन में मोस्ट वांटेड घोषित IPS का बीजेपी में स्वागत, bharti ghosh के पाप धुले !

करप्शन के मामले में मोस्ट वांटेड घोषित की गई बंगाल की आईपीएस अफसर भारती घोष bharti ghosh को मोक्ष मिल गया है. भारती बीजेपी में शामिल हो गई हैं. बीते साल फरवरी महीने में पश्चिम बंगाल की सीआईडी टीम ने प्रमोटिड आईपीएस अफसर भारती घोष को मोस्ट वांटेड घोषित किया था. उनकी तलाश में सीआईडी ने कई ठिकानों पर छापेमारी की थी.

राजधानी दिल्ली में स्थित बीजेपी मुख्यालय पर केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद, पश्चिम बंगाल के प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय और मुकुल रॉय की मौजूदगी में भारती घोष ने बीजेपी की सदस्यता ली। भारती घोष के बीजेपी थामने के बाद पार्टी की तरफ से कहा गया कि उनके (भारती) बीजेपी में शामिल होने से पश्चिम बंगाल में पार्टी की स्थिति और मजबूत होगी.

दरअसल सीआईडी ने कोर्ट के आदेश पर अवैध वसूली के एक मामले में भारती घोष के खिलाफ जांच शुरू की थी. इस जांच के दौरान ही सीआईडी को भारती घोष के घर से 300 करोड़ की जमीन खरीदने के दस्तावेज मिले थे. इसी सिलसिले में सीआईडी भारती घोष से पूछताछ करना चाहती थी, लेकिन जब उनका कोई पता नहीं लगा तो सीआईडी ने उन्हें मोस्टवांटेड घोषित कर दिया था.

रेड में भारती घोष के घर से बरामद हुआ था 2.5 करोड़ कैश

बीते साल 1 फरवरी को चंदन माझी नाम के शख्स ने पूर्व आईपीएस भारती घोष के खिलाफ अवैध वसूली और धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई थी. इसके बाद कोर्ट ने CID को इस मामले की जांच करने के आदेश दिए थे. बाद में सीआईडी ने उनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति जमा करने के मामले में भी जांच की.

भारती घोष ने कहा कि उन्होंने अपनी संपत्ति का पूरा ब्योरा दिया था. जबकि CID ने बताया था कि बरामद किए गए 2.5 करोड़ रुपये के बारे में कहीं कोई जानकारी नहीं दी गई थी.

ममता बनर्जी की करीबी रहीं हैं भारती घोष

भारती घोष पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ नजदीकियों के चलते भी सुर्खियों में रहीं हैं. ममता बनर्जी के साथ एक वक्त उनकी नजदीकियों का अंदाजा इससे भी लगाया जा सकता है कि एक पब्लिक मीटिंग में भारती घोष सबसे सामने ममता बनर्जी को मां बोल बैठीं थीं. इसके अलावा टीएमसी के पूर्व नेता मुकुल रॉय के साथ भी उनके अच्छे संबंध रहे हैं.

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